Thalliki Vandanam Scheme 2026 (थल्लिकी वंदनम योजना 2026) आंध्र प्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण शिक्षा सहायता योजना है। इसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों की पढ़ाई को जारी रखने में मदद करना और माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक को आर्थिक सहायता प्रदान करना है।
आंध्र प्रदेश सरकार के 2026-27 के आधिकारिक बजट दस्तावेज में Thalliki Vandanam के तहत कक्षा 1 से इंटरमीडिएट स्तर तक पढ़ने वाले पात्र बच्चों की माताओं को ₹15,000 प्रति बच्चे प्रतिवर्ष वित्तीय सहायता देने का प्रावधान बताया गया है।
16 जुलाई 2026 को जारी G.O.Ms.No.16 के अनुसार 2026-27 शैक्षणिक वर्ष के लिए योजना के क्रियान्वयन हेतु ₹10,120.78 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। आदेश में 67,47,190 विद्यार्थियों और 42,70,802 पात्र माताओं/अभिभावकों को कवर करने का प्रावधान किया गया है।
इस लेख में हम Thalliki Vandanam Scheme 2026 की पात्रता, ₹15,000 की सहायता, कक्षा 1 से इंटरमीडिएट तक लाभ, 75 प्रतिशत उपस्थिति, भुगतान प्रक्रिया, जरूरी दस्तावेज, नई कक्षा 1 और जूनियर इंटर के विद्यार्थियों के नियम तथा लाभार्थी सूची से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी विस्तार से जानेंगे।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 क्या है?
Thalliki Vandanam आंध्र प्रदेश सरकार की शिक्षा सहायता योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक कठिनाइयों के कारण कोई बच्चा अपनी पढ़ाई बीच में न छोड़े।
योजना में पात्र बच्चों की माताओं या मान्यता प्राप्त अभिभावकों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। सरकार का उद्देश्य माता-पिता की शिक्षा में भागीदारी बढ़ाना, बच्चों का स्कूल में नामांकन बनाए रखना और पढ़ाई छोड़ने की समस्या को कम करना है। 2026-27 के सरकारी आदेश में योजना को कक्षा 1 से कक्षा 12 तथा इंटरमीडिएट स्तर तक के बच्चों के लिए लागू करने की बात कही गई है।
आंध्र प्रदेश के सरकारी शिक्षा विभाग के अनुसार Thalliki Vandanam माताओं को बच्चों की शिक्षा के लिए प्रत्यक्ष आर्थिक सहायता देने वाली प्रमुख योजना है।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 में कितने रुपये मिलेंगे?
योजना के तहत पात्र माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक को ₹15,000 प्रति बच्चे प्रतिवर्ष की सहायता का प्रावधान है।
2026-27 के सरकारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सहायता प्रति पात्र बच्चे के आधार पर होगी और पात्रता पूरी करने वाले परिवार में बच्चों की संख्या के आधार पर लाभ निर्धारित किया जाएगा।
हालांकि एक महत्वपूर्ण बात ध्यान रखना जरूरी है। योजना की ₹15,000 की सहायता में से ₹2,000 प्रति विद्यार्थी स्रोत पर काटे जाने का प्रावधान है। यह राशि स्कूल/जूनियर कॉलेज के रखरखाव, स्वच्छता, सैनिटेशन और शिक्षा व्यवस्था से संबंधित कार्यों में उपयोग की जाएगी।
इसलिए पोस्ट में केवल यह लिखना सही नहीं होगा कि “पूरे ₹15,000 हर माता के बैंक खाते में नकद आएंगे।” सही जानकारी यह है कि योजना के अंतर्गत ₹15,000 प्रति पात्र बच्चे की वार्षिक सहायता निर्धारित है, जिसमें ₹2,000 का निर्धारित उपयोग शैक्षणिक व्यवस्था के विकास के लिए किया जाता है।
2026-27 में कितने विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा?
आंध्र प्रदेश सरकार के 16 जुलाई 2026 के आदेश के अनुसार 2026-27 में कुल 67,47,190 विद्यार्थियों को योजना में शामिल करने का लक्ष्य रखा गया है।
इनके लिए 42,70,802 माताओं/अभिभावकों को पात्र लाभार्थी के रूप में शामिल किया गया है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार:
| विवरण | संख्या |
|---|---|
| सत्यापित विद्यार्थी | 64,76,590 |
| सत्यापित माताएं | 41,07,502 |
| कक्षा 1 में संभावित अतिरिक्त प्रवेश | लगभग 59,500 |
| जूनियर इंटर में संभावित अतिरिक्त प्रवेश | लगभग 56,100 |
| सुधार/अमान्य रिकॉर्ड के मामले | लगभग 1,55,000 |
| कुल संभावित विद्यार्थी | 67,47,190 |
| कुल माताएं/अभिभावक | 42,70,802 |
ये आंकड़े 2026-27 के सरकारी प्रशासनिक आदेश में दिए गए हैं।
किन बच्चों को Thalliki Vandanam का लाभ मिलेगा?
2026-27 के आदेश के अनुसार योजना का लाभ कक्षा 1 से 12वीं तक, जिसमें इंटरमीडिएट शिक्षा भी शामिल है, पढ़ने वाले पात्र विद्यार्थियों को दिया जाना है।
इसमें मान्यता प्राप्त:
- सरकारी स्कूल
- निजी सहायता प्राप्त स्कूल
- निजी गैर-सहायता प्राप्त स्कूल
- मान्यता प्राप्त आवासीय स्कूल
- जूनियर कॉलेज
- आवासीय जूनियर कॉलेज
में पढ़ने वाले पात्र विद्यार्थी शामिल हो सकते हैं।
इसका मतलब यह है कि योजना केवल सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों तक सीमित नहीं है। पात्रता की अन्य शर्तें पूरी होने पर मान्यता प्राप्त निजी संस्थानों में पढ़ने वाले विद्यार्थी भी योजना के दायरे में आ सकते हैं।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 का मुख्य उद्देश्य
इस योजना को शुरू करने के पीछे सरकार के कई महत्वपूर्ण उद्देश्य हैं।
सबसे पहला उद्देश्य बच्चों को आर्थिक कारणों से पढ़ाई छोड़ने से रोकना है।
दूसरा उद्देश्य माता-पिता, विशेष रूप से माताओं की बच्चों की शिक्षा में भागीदारी को बढ़ाना है।
तीसरा उद्देश्य स्कूलों में बच्चों का नामांकन और उपस्थिति बढ़ाना है।
चौथा उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को शिक्षा जारी रखने में सहायता देना है।
सरकारी आदेश में योजना के उद्देश्यों में शिक्षा को अधिक सुलभ और समान बनाना, विद्यार्थियों का नामांकन बढ़ाना, ड्रॉपआउट कम करना और शिक्षा की निरंतरता बेहतर करना शामिल है।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 की पात्रता
योजना का लाभ लेने के लिए परिवार और विद्यार्थी को सरकार द्वारा निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करना होता है।
1. बच्चा कक्षा 1 से इंटरमीडिएट तक पढ़ रहा हो
योजना मुख्य रूप से कक्षा 1 से कक्षा 12 तथा इंटरमीडिएट स्तर तक पढ़ने वाले पात्र विद्यार्थियों के लिए है।
2. विद्यार्थी मान्यता प्राप्त संस्थान में पढ़ता हो
बच्चा मान्यता प्राप्त सरकारी, सहायता प्राप्त, गैर-सहायता प्राप्त या संबंधित आवासीय स्कूल/जूनियर कॉलेज में अध्ययनरत होना चाहिए।
3. 75 प्रतिशत उपस्थिति
योजना में 75 प्रतिशत उपस्थिति महत्वपूर्ण शर्त है। आंध्र प्रदेश सरकार के 2026-27 बजट दस्तावेज में भी ₹15,000 सहायता को 75 प्रतिशत उपस्थिति वाले पात्र विद्यार्थियों से जोड़ा गया है।
इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को नियमित रूप से स्कूल जाने और अपनी पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करना है।
4. परिवार की आर्थिक पात्रता
योजना के लिए परिवार की आर्थिक स्थिति की भी जांच की जाती है। पात्रता सत्यापन में सरकारी डेटाबेस और निर्धारित सामाजिक-आर्थिक मानदंडों का उपयोग किया जाता है। 2026-27 के आदेश में पात्र लाभार्थियों की पहचान के लिए सत्यापन प्रक्रिया का उल्लेख किया गया है।
यहां यह ध्यान रखना जरूरी है कि अलग-अलग वेबसाइटों पर आय और संपत्ति से जुड़े पुराने नियम मिल सकते हैं। इसलिए 2026-27 में आवेदन करते समय वर्तमान सरकारी दिशानिर्देश को ही अंतिम माना जाना चाहिए।
क्या निजी स्कूल के बच्चे लाभ ले सकते हैं?
हां। 2026-27 के सरकारी आदेश में सरकारी स्कूलों के साथ-साथ Private Aided और Private Unaided Schools तथा मान्यता प्राप्त आवासीय स्कूलों और जूनियर कॉलेजों को भी योजना के दायरे में रखा गया है।
हालांकि निजी स्कूल में पढ़ने वाले विद्यार्थी को भी योजना की अन्य पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी।
इसके अलावा RTE Act की धारा 12(1)(c) के अंतर्गत निजी गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों में पढ़ने वाले कुछ विद्यार्थियों के लिए सहायता राशि से निर्धारित फीस काटने का अलग प्रावधान है।
75 प्रतिशत उपस्थिति क्यों जरूरी है?
Thalliki Vandanam केवल आर्थिक सहायता देने वाली योजना नहीं है। इसका उद्देश्य बच्चों को शिक्षा से जोड़कर रखना भी है।
इसी कारण विद्यार्थी की उपस्थिति को महत्वपूर्ण बनाया गया है। 75 प्रतिशत उपस्थिति की शर्त का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सहायता प्राप्त करने वाला बच्चा वास्तव में नियमित रूप से स्कूल या संबंधित शिक्षण संस्थान में पढ़ाई कर रहा हो।
यदि बच्चा नियमित रूप से स्कूल नहीं जाता है तो अगले चरण में पात्रता प्रभावित हो सकती है।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 में पैसा कैसे मिलेगा?
योजना के तहत वित्तीय सहायता को पात्र लाभार्थी के आधार-सीडेड बैंक खाते में भेजने की व्यवस्था है। 2026-27 के आदेश में पात्र लाभार्थियों को सहायता राशि जारी करने तथा आधार-सीडेड खातों में राशि क्रेडिट करने का उल्लेख किया गया है।
सामान्य रूप से भुगतान माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक के खाते में किया जाता है।
इसलिए लाभार्थी को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि बैंक खाते की जानकारी सही हो और आधार से संबंधित बैंकिंग व्यवस्था ठीक हो।
क्या आवेदन के लिए अलग से ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा?
यह योजना सामान्य छात्रवृत्ति की तरह हर विद्यार्थी को किसी एक वेबसाइट पर जाकर नया फॉर्म भरने वाली योजना नहीं है।
2026-27 के सरकारी आदेश के अनुसार लाभार्थियों की पहचान और सत्यापन सरकारी रिकॉर्ड तथा Swarna Gramam और Swarna Ward व्यवस्था के माध्यम से किया गया है। इसके बाद पात्र लाभार्थियों की सूची तैयार की गई है।
इसलिए यदि किसी परिवार का नाम पहले से पात्र सूची में है तो उसे हर बार सामान्य ऑनलाइन फॉर्म भरने की आवश्यकता जरूरी नहीं होती।
यदि रिकॉर्ड में गलती है, नाम नहीं आया है या बच्चे का नया प्रवेश हुआ है, तो निर्धारित स्थानीय प्रक्रिया के अनुसार सत्यापन और शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
Thalliki Vandanam 2026 की लाभार्थी सूची
सरकारी आदेश में पात्र और अपात्र लाभार्थियों की सूची प्रकाशित करने का प्रावधान दिया गया है।
2026-27 के कार्यक्रम में पात्र और अपात्र सूची 22 जुलाई 2026 से संबंधित Swarna Gramam और Swarna Ward कार्यालयों में प्रकाशित करने की समय-सारणी दी गई थी।
यदि किसी परिवार को लगता है कि वह पात्र है लेकिन उसका नाम सूची में नहीं है, तो निर्धारित अवधि में आपत्ति या शिकायत दर्ज की जा सकती है।
शिकायत या नाम की गलती होने पर क्या करें?
यदि विद्यार्थी का नाम पात्र सूची में नहीं है या परिवार की जानकारी गलत दिखाई दे रही है तो संबंधित Swarna Gramam/Swarna Ward कार्यालय में शिकायत या आपत्ति दर्ज की जा सकती है।
2026-27 के आदेश में आपत्तियां/शिकायतें प्राप्त करने की समयावधि 22 जुलाई से 3 अगस्त 2026 बताई गई थी। इसके बाद शिकायतों की जांच और supplementary eligible list तैयार करने की प्रक्रिया निर्धारित की गई।
भविष्य में यदि विभाग नई सूची या सुधार प्रक्रिया जारी करता है तो लाभार्थियों को संबंधित सरकारी सूचना के अनुसार कार्रवाई करनी चाहिए।
नई कक्षा 1 में प्रवेश लेने वाले बच्चों के लिए नियम
2026-27 के लिए सरकार ने नई कक्षा 1 में प्रवेश लेने वाले पात्र बच्चों को भी योजना में शामिल करने का प्रावधान रखा है।
सरकारी आदेश में लगभग 59,500 अतिरिक्त कक्षा 1 प्रवेश का अनुमान दिया गया है।
ऐसे विद्यार्थियों को निर्धारित प्रवेश और नामांकन प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
जूनियर इंटर में नए प्रवेश वाले विद्यार्थियों के लिए नियम
जूनियर इंटरमीडिएट में नए प्रवेश लेने वाले पात्र विद्यार्थियों को भी 2026-27 में योजना में शामिल करने का प्रावधान किया गया है।
सरकारी आदेश में लगभग 56,100 अतिरिक्त जूनियर इंटर प्रवेश का अनुमान दिया गया है।
2026-27 के आदेश के अनुसार कक्षा 1 और जूनियर इंटर के नए पात्र प्रवेशों के लिए प्रवेश/नामांकन प्रक्रिया 25 अगस्त 2026 तक पूरी करने की समय-सीमा दी गई थी।
2026-27 की महत्वपूर्ण तारीखें
| गतिविधि | निर्धारित तारीख |
|---|---|
| पात्र विद्यार्थियों को पहली सहायता का वितरण | 22 जुलाई 2026 |
| पात्र/अपात्र सूची का प्रकाशन | 22 जुलाई 2026 |
| आपत्ति/शिकायत की अवधि | 22 जुलाई–3 अगस्त 2026 |
| शिकायतों की जांच | 4–10 अगस्त 2026 |
| कक्षा 1 और जूनियर इंटर में नए प्रवेश की अंतिम तिथि | 25 अगस्त 2026 |
| अतिरिक्त पात्र सूची का प्रकाशन | 30 अगस्त 2026 |
| अतिरिक्त पात्र लाभार्थियों को सहायता | 30 अगस्त 2026 |
ये तारीखें 16 जुलाई 2026 के G.O.Ms.No.16 में 2026-27 के लिए निर्धारित की गई थीं।
क्या एक से अधिक बच्चों को लाभ मिल सकता है?
2026-27 के सरकारी आदेश में सहायता को ₹15,000 प्रति पात्र बच्चे प्रति वर्ष के आधार पर निर्धारित किया गया है। यानी योजना की पात्रता पूरी करने वाले एक से अधिक बच्चों वाले परिवार में प्रत्येक पात्र बच्चे को योजना के नियमों के अनुसार शामिल किया जा सकता है।
इसलिए यह कहना सही नहीं है कि हर परिवार को केवल एक बार ₹15,000 ही मिलेगा। लाभ पात्र बच्चों की संख्या और निर्धारित नियमों पर निर्भर करता है।
SC, ST, BC और Minority विद्यार्थियों के लिए क्या नियम हैं?
सरकारी आदेश में SC, ST, BC, Minorities आदि श्रेणियों के विद्यार्थियों के लिए पहले से चल रही Pre-Matric और Post-Matric Scholarship योजनाओं का भी उल्लेख है।
यदि कोई विद्यार्थी संबंधित केंद्रीय प्रायोजित छात्रवृत्ति योजना के अंतर्गत आता है तो उसकी छात्रवृत्ति संबंधित विभाग के बजट से नियमों के अनुसार दी जाएगी। Thalliki Vandanam की राशि में बची हुई पात्र राशि, यदि लागू हो, तो संबंधित नियमों के अनुसार जारी की जा सकती है।
इसलिए किसी विद्यार्थी को केवल इसलिए यह नहीं मानना चाहिए कि दूसरी छात्रवृत्ति मिलने पर वह अपने आप Thalliki Vandanam से बाहर हो जाएगा। वास्तविक भुगतान संबंधित योजनाओं के नियमों और सरकारी सत्यापन पर निर्भर करता है।
RTE विद्यार्थियों के लिए विशेष प्रावधान
सरकारी आदेश में RTE Act, 2009 की धारा 12(1)(c) के तहत निजी गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए विशेष प्रावधान है।
ऐसे मामलों में सरकार द्वारा निर्धारित फीस को Thalliki Vandanam की सहायता राशि से काटा जा सकता है और शेष राशि पात्र लाभार्थी के आधार-सीडेड बैंक खाते में भेजी जाती है।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 के प्रमुख लाभ
इस योजना के प्रमुख लाभ इस प्रकार हैं:
- पात्र बच्चों की शिक्षा के लिए ₹15,000 प्रति बच्चे वार्षिक सहायता।
- कक्षा 1 से इंटरमीडिएट तक के विद्यार्थियों को कवर करने का प्रावधान।
- सरकारी और मान्यता प्राप्त निजी संस्थानों के पात्र विद्यार्थी शामिल।
- माताओं/मान्यता प्राप्त अभिभावकों को आर्थिक सहायता।
- विद्यार्थियों को नियमित शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहन।
- 75 प्रतिशत उपस्थिति को महत्व।
- स्कूल छोड़ने की समस्या कम करने का प्रयास।
- शिक्षा में माता-पिता की भागीदारी बढ़ाने का उद्देश्य।
- आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर शिक्षा के खर्च का दबाव कम करने में मदद।
- नए कक्षा 1 और जूनियर इंटर विद्यार्थियों को भी पात्रता के अनुसार शामिल करने का प्रावधान।
जरूरी दस्तावेज
योजना की लाभार्थी पहचान सरकारी डेटाबेस और सत्यापन के आधार पर होती है, इसलिए हर स्थिति में एक समान दस्तावेज सूची लागू हो ऐसा जरूरी नहीं है।
फिर भी परिवार को निम्न जानकारी और दस्तावेज तैयार रखने चाहिए:
- बच्चे का आधार कार्ड।
- माता या अभिभावक का आधार कार्ड।
- बैंक पासबुक।
- आधार से जुड़ा बैंक खाता।
- बच्चे का स्कूल/कॉलेज रिकॉर्ड।
- प्रवेश या नामांकन का प्रमाण।
- राशन कार्ड, जहां लागू हो।
- परिवार से संबंधित सरकारी रिकॉर्ड।
- मोबाइल नंबर।
- अन्य दस्तावेज जो स्थानीय सत्यापन अधिकारी मांग सकते हैं।
यदि किसी दस्तावेज में नाम या जन्मतिथि गलत है तो उसे समय रहते सुधारना उपयोगी रहेगा।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 में आवेदन/लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया
योजना में लाभार्थी पहचान मुख्य रूप से सरकारी डेटा और संस्थागत रिकॉर्ड के आधार पर होती है। सामान्य रूप से प्रक्रिया को इस प्रकार समझा जा सकता है:
- बच्चे का मान्यता प्राप्त स्कूल या जूनियर कॉलेज में प्रवेश सुनिश्चित करें।
- स्कूल रिकॉर्ड में बच्चे का नाम और अन्य जानकारी सही करवाएं।
- आधार और परिवार से संबंधित रिकॉर्ड की जानकारी जांचें।
- माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक का बैंक खाता सही रखें।
- बैंक खाते को आधार और DBT के लिए सक्रिय स्थिति में रखें।
- बच्चे की उपस्थिति 75 प्रतिशत या निर्धारित नियमों के अनुसार बनाए रखें।
- सरकारी लाभार्थी सूची में अपना नाम जांचें।
- यदि नाम या रिकॉर्ड में गलती है तो संबंधित कार्यालय में शिकायत दर्ज करें।
- नए कक्षा 1 या जूनियर इंटर प्रवेश के मामले में निर्धारित समय सीमा के भीतर नामांकन प्रक्रिया पूरी करें।
- सत्यापन पूरा होने के बाद पात्रता सूची में नाम आने की प्रतीक्षा करें।
- पात्र होने पर DBT के माध्यम से भुगतान की स्थिति जांचें।
- किसी समस्या की स्थिति में संबंधित स्कूल, शिक्षा विभाग या निर्धारित स्थानीय शिकायत व्यवस्था से संपर्क करें।
क्या Thalliki Vandanam और Scholarship एक ही है?
नहीं। Thalliki Vandanam को आंध्र प्रदेश सरकार की शिक्षा सहायता योजना के रूप में समझना चाहिए, जबकि अलग-अलग छात्रवृत्तियां विशेष वर्ग, आय, पाठ्यक्रम या शैक्षणिक स्तर के आधार पर संचालित हो सकती हैं।
Thalliki Vandanam का मुख्य उद्देश्य बच्चों की स्कूली और इंटरमीडिएट शिक्षा जारी रखने में परिवार को आर्थिक सहायता देना है।
Thalliki Vandanam Scheme 2026 – महत्वपूर्ण जानकारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | Thalliki Vandanam Scheme 2026 |
| हिंदी नाम | थल्लिकी वंदनम योजना 2026 |
| राज्य | आंध्र प्रदेश |
| उद्देश्य | बच्चों की शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता |
| सहायता | ₹15,000 प्रति पात्र बच्चे प्रतिवर्ष |
| शिक्षा स्तर | कक्षा 1 से इंटरमीडिएट |
| लाभार्थी | पात्र माता/मान्यता प्राप्त अभिभावक |
| उपस्थिति | 75% की शर्त |
| 2026-27 स्वीकृति | ₹10,120.78 करोड़ |
| अनुमानित विद्यार्थी | 67,47,190 |
| अनुमानित माताएं/अभिभावक | 42,70,802 |
| भुगतान | DBT/आधार-सीडेड बैंक खाते के माध्यम से |
| नया कक्षा 1 प्रवेश | पात्रता के अनुसार शामिल |
| नया जूनियर इंटर प्रवेश | पात्रता के अनुसार शामिल |
| संबंधित विभाग | School Education Department, Andhra Pradesh |
2026-27 की ये जानकारी आंध्र प्रदेश सरकार के बजट दस्तावेज और 16 जुलाई 2026 के प्रशासनिक आदेश से ली गई है।
यह भी पढ़ें
PM National Apprenticeship Promotion Scheme 2026
PMAY-U 2.0 2026
FAQ
1. Thalliki Vandanam Scheme 2026 क्या है?
Thalliki Vandanam आंध्र प्रदेश सरकार की शिक्षा सहायता योजना है। इसके तहत पात्र माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक को बच्चों की शिक्षा के लिए ₹15,000 प्रति बच्चे प्रतिवर्ष की सहायता का प्रावधान है। योजना कक्षा 1 से इंटरमीडिएट तक के पात्र विद्यार्थियों के लिए है।
2. Thalliki Vandanam में कितने रुपये मिलते हैं?
2026-27 के लिए पात्र बच्चे के आधार पर ₹15,000 प्रतिवर्ष की वित्तीय सहायता निर्धारित है। इसमें से ₹2,000 प्रति विद्यार्थी को शिक्षा व्यवस्था के रखरखाव, स्वच्छता और संबंधित कार्यों के लिए निर्धारित तरीके से उपयोग किया जाना है।
3. क्या एक से अधिक बच्चों को लाभ मिल सकता है?
हां। 2026-27 के सरकारी आदेश में सहायता प्रति पात्र बच्चे निर्धारित की गई है। इसलिए पात्रता पूरी करने वाले एक से अधिक बच्चों वाले परिवार में प्रत्येक पात्र बच्चे को योजना के अनुसार लाभ मिल सकता है।
4. Thalliki Vandanam में कौन सी कक्षा के बच्चे पात्र हैं?
योजना में कक्षा 1 से कक्षा 12 तक तथा इंटरमीडिएट स्तर तक पढ़ने वाले पात्र बच्चों को शामिल करने का प्रावधान है।
5. क्या निजी स्कूल के बच्चों को लाभ मिलेगा?
हां। 2026-27 के आदेश में मान्यता प्राप्त सरकारी, निजी सहायता प्राप्त और निजी गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों तथा संबंधित आवासीय संस्थानों को योजना के दायरे में शामिल किया गया है।
6. क्या 75 प्रतिशत उपस्थिति जरूरी है?
हां। योजना की पात्रता में 75 प्रतिशत उपस्थिति को महत्वपूर्ण शर्त के रूप में रखा गया है। इसका उद्देश्य बच्चों की नियमित शिक्षा और स्कूल में निरंतरता को बढ़ावा देना है।
7. पैसा किसके बैंक खाते में आएगा?
सामान्य रूप से सहायता पात्र माता या मान्यता प्राप्त अभिभावक के आधार-सीडेड बैंक खाते में DBT के माध्यम से भेजी जाती है। विशेष परिस्थितियों में लागू सरकारी नियमों के अनुसार अलग व्यवस्था हो सकती है।
8. क्या Thalliki Vandanam के लिए ऑनलाइन आवेदन करना जरूरी है?
हर विद्यार्थी के लिए सामान्य छात्रवृत्ति की तरह नया ऑनलाइन फॉर्म भरना जरूरी नहीं है। लाभार्थियों की पहचान और सत्यापन सरकारी रिकॉर्ड तथा संबंधित स्थानीय व्यवस्था के माध्यम से किया जाता है। रिकॉर्ड में समस्या होने पर निर्धारित शिकायत प्रक्रिया का उपयोग किया जा सकता है।
9. नई कक्षा 1 में प्रवेश लेने वाले बच्चों को लाभ मिलेगा?
हां। 2026-27 के लिए पात्र नए कक्षा 1 विद्यार्थियों को शामिल करने का प्रावधान है। सरकारी आदेश में लगभग 59,500 अतिरिक्त कक्षा 1 प्रवेश का अनुमान दिया गया है।
10. क्या जूनियर इंटर के नए विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा?
हां। पात्र नए जूनियर इंटर विद्यार्थियों को भी 2026-27 की योजना में शामिल करने का प्रावधान है। आदेश में लगभग 56,100 अतिरिक्त जूनियर इंटर प्रवेश का अनुमान दिया गया है।
11. 2026 में नई कक्षा 1 और जूनियर इंटर के लिए अंतिम तारीख क्या थी?
16 जुलाई 2026 के आदेश के अनुसार नए कक्षा 1 और जूनियर इंटर प्रवेश की प्रक्रिया 25 अगस्त 2026 तक पूरी करने की समय-सीमा दी गई थी।
12. अगर लाभार्थी सूची में नाम नहीं है तो क्या करें?
यदि पात्र परिवार का नाम सूची में नहीं है या रिकॉर्ड में कोई गलती है तो संबंधित Swarna Gramam/Swarna Ward कार्यालय में निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार शिकायत या आपत्ति दर्ज की जा सकती है।
13. क्या SC, ST, BC और Minority विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा?
पात्रता पूरी करने वाले विद्यार्थी योजना के दायरे में आ सकते हैं। इसके अलावा SC, ST, BC और Minority विद्यार्थियों के लिए चल रही अलग Pre-Matric और Post-Matric Scholarship योजनाओं का भुगतान संबंधित नियमों के अनुसार किया जाता है।
14. क्या योजना सिर्फ गरीब परिवारों के लिए है?
योजना में पात्रता की पहचान निर्धारित सामाजिक-आर्थिक मानदंड और सरकारी सत्यापन के आधार पर होती है। इसलिए केवल अपने आपको गरीब मानना पर्याप्त नहीं है; परिवार को सरकार द्वारा निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करना जरूरी है।
15. क्या ₹15,000 हर साल मिलते हैं?
पात्र विद्यार्थी के लिए योजना में ₹15,000 प्रति बच्चे प्रतिवर्ष की सहायता का प्रावधान है। हर शैक्षणिक वर्ष में पात्रता, उपस्थिति और सरकारी सत्यापन के नियम लागू होते हैं।
16. Thalliki Vandanam किस राज्य की योजना है?
यह आंध्र प्रदेश सरकार की योजना है। इसका क्रियान्वयन राज्य के शिक्षा विभाग और संबंधित सरकारी विभागों के माध्यम से किया जाता है।
17. क्या इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों को भी ₹15,000 मिलते हैं?
योजना में इंटरमीडिएट स्तर के पात्र विद्यार्थियों को भी शामिल किया गया है। आंध्र प्रदेश के सरकारी शिक्षा पोर्टल पर भी इंटरमीडिएट विद्यार्थियों के लिए Thalliki Vandanam के तहत ₹15,000 सहायता का उल्लेख है।
18. 2026-27 के लिए कितने रुपये की स्वीकृति मिली है?
16 जुलाई 2026 के G.O.Ms.No.16 के अनुसार 2026-27 के लिए ₹10,120.78 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है।
19. क्या Thalliki Vandanam एक सरकारी योजना है?
हां। यह आंध्र प्रदेश सरकार की शिक्षा सहायता योजना है और School Education Department से संबंधित है।
20. Thalliki Vandanam की आधिकारिक जानकारी कहां मिलेगी?
योजना से जुड़ी जानकारी आंध्र प्रदेश सरकार के School Education Department और Finance Department के आधिकारिक दस्तावेजों में उपलब्ध है। 2026-27 के लिए सरकारी बजट दस्तावेज में भी योजना और ₹15,000 सहायता का उल्लेख किया गया है।
आधिकारिक वेबसाइट
आंध्र प्रदेश स्कूल शिक्षा विभाग:
Andhra Pradesh School Education – Official Website
आंध्र प्रदेश वित्त विभाग – 2026-27 बजट:
Andhra Pradesh Finance Department – Budget 2026-27
तिरुपति जिला – School Education Department:
Government of Andhra Pradesh – School Education